43 दिन की छुट्टी मंजूर करने के बदले रिश्वत, वन विभाग का स्थापना शाखा प्रभारी लोकायुक्त के जाल में फंसा

Total Views : 16
Zoom In Zoom Out Read Later Print

43 दिन के अर्जित अवकाश को स्वीकृत कराने के बदले स्थापना शाखा प्रभारी कृष्ण प्रताप सिंह राठौर द्वारा 3 से 4 हजार रुपये रिश्वत की मांग की जा रही है।लोकायुक्त ने शिकायत का गोपनीय सत्यापन कराया, जिसमें रिश्वत मांगने की पुष्टि हुई।

जनसंवाद न्यूज़ मंदसौर।

भ्रष्टाचार के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए उज्जैन लोकायुक्त टीम ने सामान्य वन मंडल कार्यालय मंदसौर में पदस्थ स्थापना शाखा प्रभारी कृष्ण प्रताप सिंह राठौर को 3 हजार रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों गिरफ्तार किया। जानकारी के अनुसार डीगांवमाली निवासी वनरक्षक ललित मीणा ने 27 मई 2026 को लोकायुक्त कार्यालय उज्जैन में शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत में बताया गया था कि स्वयं के उपचार के लिए अहमदाबाद (गुजरात) जाने हेतु 43 दिन के अर्जित अवकाश को स्वीकृत कराने के बदले स्थापना शाखा प्रभारी कृष्ण प्रताप सिंह राठौर द्वारा 3 से 4 हजार रुपये रिश्वत की मांग की जा रही है।लोकायुक्त ने शिकायत का गोपनीय सत्यापन कराया, जिसमें रिश्वत मांगने की पुष्टि हुई। इसके बाद महानिदेशक लोकायुक्त के निर्देश एवं पुलिस अधीक्षक लोकायुक्त उज्जैन आनंद कुमार यादव के मार्गदर्शन में मंगलवार को ट्रैप कार्रवाई की गई।कार्रवाई के दौरान आरोपी कृष्ण प्रताप सिंह राठौर, सहायक ग्रेड-3 एवं स्थापना शाखा प्रभारी, को सामान्य वन मंडल कार्यालय मंदसौर स्थित स्थापना शाखा कक्ष में शिकायतकर्ता से 3 हजार रुपये रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों पकड़ लिया गया। ट्रैप कार्रवाई में उप पुलिस अधीक्षक दिनेशचंद्र पटेल, निरीक्षक हिना डाबर, प्रधान आरक्षक हितेश ललावत तथा आरक्षक उमेश जाटव, मोहम्मद इसरार और श्याम शर्मा शामिल रहे। लोकायुक्त की इस कार्रवाई को भ्रष्टाचार के विरुद्ध एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। कार्रवाई के बाद वन विभाग में हड़कंप मच गया और सरकारी कार्यालयों में रिश्वतखोरी पर अंकुश लगाने का सख्त संदेश गया 

See More

Latest Photos